Word or Soul, Which Is Greater?
पाँच तत्व का पूतरा, युक्ति रची मैं कीव।मैं तोहि पूछौं पंडिता, शब्द बड़ा की जीव॥
This body, a puppet made of five elements, has been skilfully fashioned. Kabir asks the learned Pandit: which is greater — the sacred Word of scripture, or the living soul itself?
शब्द बड़ा या जीव?
पाँच तत्व का पूतरा, युक्ति रची मैं कीव।मैं तोहि पूछौं पंडिता, शब्द बड़ा की जीव॥
यह देह पाँच तत्वों से बनी एक कुशल कठपुतली है। कबीर पंडित से पूछते हैं कि शास्त्र का शब्द बड़ा है या जीवात्मा — यह प्रश्न शास्त्रज्ञान और आत्मज्ञान के बीच के भेद की ओर इशारा करता है।
शब्द मोठा की जीव?
पाँच तत्व का पूतरा, युक्ति रची मैं कीव।मैं तोहि पूछौं पंडिता, शब्द बड़ा की जीव॥
हे शरीर पाच तत्वांपासून बनलेली एक कुशल कळसूत्री बाहुली आहे. कबीर पंडिताला विचारतात की शास्त्राचा शब्द मोठा की जीवात्मा — हा प्रश्न शास्त्रज्ञान आणि आत्मज्ञान यांतील फरकाकडे बोट दाखवतो.