The Might of Intellect
एका केवलमर्थसाधनविधौ सेना शतेभ्योऽधिका । नन्दोन्मूलन दृष्टवीर्यमहिमा बुद्धिस्तु मा गान्मम ॥
A single sharp intellect accomplishes more than a hundred armies — Chanakya's own mind, whose power had already proven itself by uprooting the mighty Nanda dynasty, prays only that this discerning wisdom never desert him.
बुद्धि का बल
एका केवलमर्थसाधनविधौ सेना शतेभ्योऽधिका । नन्दोन्मूलन दृष्टवीर्यमहिमा बुद्धिस्तु मा गान्मम ॥
अकेली तीव्र बुद्धि कार्यसिद्धि में सौ सेनाओं से भी बढ़कर होती है - चाणक्य की वही बुद्धि, जिसने नंद वंश को उखाड़ फेंकने में अपना पराक्रम दिखाया, वह उनका कभी साथ न छोड़े, यही कामना है।
बुद्धीचे सामर्थ्य
एका केवलमर्थसाधनविधौ सेना शतेभ्योऽधिका । नन्दोन्मूलन दृष्टवीर्यमहिमा बुद्धिस्तु मा गान्मम ॥
एकटी तीक्ष्ण बुद्धी कार्यसिद्धीत शंभर सैन्यांपेक्षाही श्रेष्ठ ठरते - चाणक्यांची तीच बुद्धी, जिने नंदवंश उलथवण्यात आपले सामर्थ्य दाखवले, ती त्यांची कधीही साथ सोडू नये, हीच इच्छा.